ईरान इमाम ज़माना की प्रतीक्षा कर रहा है, हम इमाम से भी युद्ध करेंगे

मोहम्मद बिन सलमान
सऊदी अरब के डिप्टी क्राउन प्रिंस मुहम्मद बिन सलमान ने वरिष्ठ पत्रकार दाऊद शरयान को जो इंटरव्यू दिया और जो मंगलवार को कई टीवी चैनलों से एक साथ प्रसारित हुआ, वह सऊदी अरब के इतिहास का सबसे महत्वपूर्ण साक्षात्कार है

 

प्रिंस मुहम्मद बिन सलमान इस साक्षात्कार में डिप्टी क्राउन प्रिंस या क्राउन प्रिंस की हैसियत से नहीं बल्कि राजगद्दी पर बैठने जा रहे नरेश के रूप में बात करते दिखाई दिए।

प्रिंस मुहम्मद बिन सलमान ने अपने इस इंटरव्यू में ईरान से बातचीत के सारे दरवाज़े बंद करते हुए कहा कि हम ऐसी शासन व्यवस्था से कैसे समझौता कर सकते हैं जो चरमपंथी विचारधारा पर आधारित है और जिसमें पूरे इस्लामी जगत और उसके पवित्र स्थलों पर नियंत्रण करने और शिया मत फैलाने और बारहवें इमाम हज़रत महदी अलमुन्तज़र की वापसी के लिए प्रष्ठभूमि तैयार करने की बात कही गई है। प्रिंस मुहम्मद बिन सलमान ने अपने साक्षात्कार के आख़िर में एक ख़तरनाक बात कही। उन्होंने कहा कि हम इस बात की प्रतीक्षा में नहीं बैठेंगे कि लड़ाई सऊदी अरब की सीमा के भीतर पहुंचे बल्कि हम लड़ाई ईरान के भीतर ले जाएंगे, ईरानी, मुसलमानों के क़िब्ले पर क़ब्ज़ा करना चाहते हैं।

लड़ाई ईरान के भीतर ले जाने का मतलब जातीय व सांप्रदायिक अल्पसंख्यकों विशेष रूप से सुन्नी समुदाय को भड़काना और उन्हें हथियार और पैसा सप्लाई करना है जैसा कि यमन, इराक़ और सीरिया में किया गया है या इससे पहले अफ़ग़ानिस्तान में हुआ है।

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टिप्पणियाँ

YAZEED KE SAHABIYO'N SE AISI BATE'N SUNNA KOI NAYA NAHI HAI, IRAN EK PEACEFUL NATION HAI, LAKIN AQEEDON KO TODNE KE LIYE AMERICA AUR IZRAIL KO KHUSH KARNE KE LIYE DAYA GAYA BAYAN SACHMUCH YAZEED KI YAAD DILANE WALA HAI. SAUDI ARAB 'KABE' KO AMDANI KA ZARIYA BANAKAR ISTEMAL KAR RAHA HAI WARNA USKO KABE SE KOI MOHABBAT NAHI HAI. NA TO KABE KI HURMAT KA USKO KHAYAL HAI AUR NA PAKIZGI KA.

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